*करोड़ों रुपयों की सरकारी जमीन घोर प्रशासनिक लापरवाही एवम उदासीनता के चलते चढ़ी अतिक्रमण की भेंट*

*मीडिया द्वारा अतिक्रमण का मुद्दा उठाने पर कुम्भकर्णी निद्रा में सोये प्रशासन की उडी नींद*

*प्रशासन ने हरकत में आकर अतिक्रमन के प्रयास को किया नाकाम*

*केकड़ी 15 अप्रैल (पवन राठी )*
*शहर में खिड़की गेट के पास स्थित पटवार घर एवम उससे सटी करोड़ों रुपयों के सरकारी भवन(जीर्ण क्षीण) पर अतिक्रमियों द्वारा कब्ज़ा करके उसमे निर्माण कार्य भी प्रारम्भ कर दिया गया लेकिन उसकी बदकिस्मती देखिये की इस अवैध कब्जे की भनक मीडिया को लग गई और अतिक्रमण का मुद्दा उठ गया l*
*कस्बे में तरह तरह की चार्चाओ  का बाजार गर्म हो गया l*
*अब तक कुम्भकर्णी निद्रा में लीन प्रशासन की कुम्भकर्णी निद्रा टूटी और हरकत में आकर पुलिस जाप्ते के साथ अतिक्रमण स्थल पर पंहुच मौका मुआयना  करने पर पाया गया की सरकारी भवनो पर केवल अतिक्रमण ही नहीं किया गया बल्कि अतिक्रमी द्वारा बुलंद होंसलो के साथ बेखौफ होकर पटवार घर के पास स्थित भवन में निर्माण कार्य करवाना पाया गया l*
*बाहरी दिवार पर सीमेंट का प्लास्टर करवाया जा चुका है एवम अंदर आर सी सी डलवाने के मकसद से बल्लीयाँ लगाई जा चुकी है एवम सीढ़ीयों के लिए सीमेंट कंक्रीट का स्लेब डाला जा चुका है l*


*बीच बाजार बुलंद होंसलो के साथ जो अतिक्रमण किया गया उसने पूरे प्रशासनिक अमले को को ही संदेह के घेरे में ला खड़ा किया है जो उच्च स्तरीय जाँच का विषय है l*
*शहर में चर्चाओ का बाजार गर्म है की यह अतिक्रमण बिना प्रशासनिक संरक्षण के संभव नहीं है l*
*प्रशासनिक संरक्षण था या प्रशासन की घोर लापरवाही या उदाशीनता थी इसका खुलाशा तो निष्पक्ष उच्च स्तरीय जाँच से ही हो सकता है l*
*अतिरिक्त जिला कलेक्टर को चाहिए की प्रकरण की तत्काल  उच्च स्तरीय जाँच करवा कर दोषी लापरवाह अधिकारियो एवम कार्मिको के विरुद्ध सख्त से सख्त कार्यवाही कर एक मिशाल कायम करें l*

बुधवार को राजस्व विभाग ने पटवार भवन के समीप स्थित सरकारी भूमि पर चल रहे अतिक्रमण के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए निर्माण कार्य रुकवाया और कब्जा खाली करवाया। कार्रवाई के दौरान पुलिस जाप्ता भी मौके पर तैनात रहा, जिससे पूरा अभियान शांतिपूर्वक संपन्न हुआ।*
*कार्रवाई की सूचना मिलते ही मौके पर लोगों की भीड़ भी जुट गई और पूरे घटनाक्रम को देखने के लिए आसपास के लोग बड़ी संख्या में एकत्र हो गए।*
*पटवारी अजीत मीणा ने बताया कि संबंधित भूमि सरकारी है, जिस पर अवैध रूप से निर्माण कार्य किया जा रहा था। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि इस जमीन का पट्टा मीना देवी पत्नी बालूराम के नाम से बनाया गया था जिसकी वैधता की जांच की जा रही है।*
*वहीं मामले ने उस समय गंभीर मोड़ ले लिया जब यह सामने आया कि नगर पालिका के कुछ जिम्मेदार कार्मिकों की मिलीभगत से सरकारी जमीन पर किए गए अवैध कब्जे का ही पट्टा जारी कर दिया गया। सूत्रों के अनुसार, फर्जी दस्तावेजों के आधार पर पटवार भवन की इस सरकारी भूमि का पट्टा जारी करवाया गया था।*
*बताया जा रहा है कि संबंधित विभाग द्वारा अधिशासी अधिकारी को पत्र लिखकर पट्टा निरस्त करने, निर्माण कार्य तुरंत रुकवाने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई।*
*राजस्व विभाग ने स्पष्ट किया है कि मामले की गहन जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।*

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