*धर्म और समाज सेवा को समर्पित जीवन का अंत**वरिष्ठ समाजसेवी ओमप्रकाश आहूजा का निधन, क्षेत्र में शोक की लहर-पार्थिव देह हुई पंच तत्त्व मे विलीन*

*केकड़ी 27 मई (पवन राठी )*
*बार एसोसिएशन केकड़ी के पूर्व अध्यक्ष, वरिष्ठ अधिवक्ता एवं* *समाजसेवी मनोज आहूजा के पूज्य पिता  ओमप्रकाश आहूजा का बुधवार शाम निधन हो गया।*
*उनकी पार्थिव देह आज सेंकड़ो लोगो की उपस्थिति मे पंच तत्त्व मे विलीन हो गई lहजारों लोगो नें नम आँखों से उनको अंतिम विदाई दीं l*
*वे पिछले कुछ समय से अस्वस्थ चल रहे थे। उनके निधन के समाचार से केकड़ी क्षेत्र में शोक की लहर छा गई। समाजसेवी ओमप्रकाश आहूजा का जन्म 20 नवंबर 1951 को हुआ था तथा 26 मई 2026 को 75 वर्ष की आयु में उन्होंने अंतिम सांस ली।*उन्होंने अपना संपूर्ण जीवन समाजसेवा, धार्मिक कार्यों एवं* *जनकल्याण को समर्पित कर दिया।*

*दिवंगत ओमप्रकाश आहूजा धार्मिक प्रवृत्ति के व्यक्ति थे। भगवान सत्यनारायण मंदिर में भगवान सत्यनारायण के अलावा अन्य सभी देवी-देवताओं की मूर्तियां एवं फ्रेम उन्होंने अपनी निजी आय से करीब 2 लाख 25 हजार रुपये खर्च कर स्थापित करवाए। इसके अलावा नीलकंठ महादेव मंदिर में भगवान श्री राधे-कृष्ण मंदिर की स्थापना में भी उनका महत्वपूर्ण योगदान रहा।* *समाजसेवा के क्षेत्र में भी वे सदैव अग्रणी रहे। उन्होंने भीलवाड़ा की सामाजिक संस्था झूलेलाल सेवा संस्थान को जनसेवा हेतु एक शव वाहन भी डोनेट किया था, जिसे समाजहित में उनके बड़े योगदान के रूप में देखा जाता है।*

*वे अपने पीछे भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। दिवंगत आत्मा के सुपुत्र मनोज आहूजा-शालिनी आहूजा, शंकर आहूजा-काजल आहूजा, नरेश आहूजा, पुत्रियां वर्षा-भोजराज पंजवानी, निशा-हरीश खानवानी, वंशिका-जीतेन्द्र चंदी रामानी सहित पोते-पोतियां जतिन, हर्षवर्धन, डिंकी, वृंदा, तन्मय एवं कृष्णा आहूजा हैं।*
*उनके निधन पर सामाजिक, धार्मिक एवं अधिवक्ता जगत से जुड़े लोगों ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।*

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